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एजेस फेडरल लाइफ इंश्योरेंस ने लॉन्च की अपने ब्रांड की नई पहचान

Aegis Federal Life Insurance has launched its new brand identity.
Aegis Federal Life Insurance has launched its new brand identity.

देहरादून-12 दिसंबर 2025- एजेस फेडरल लाइफ इंश्योरेंस ने अपने बदलाव के सफर में एक बड़ा कदम उठाते हुए, आज ब्रांड की नई पहचान के लॉन्च की घोषणा की। ब्रांड की यह नई पहचान, सही मायने में विश्व स्तर पर एजेस ग्रुप की 200 सालों की विरासत और फेडरल बैंक के सौ साल के भरोसे से प्रेरित है। ब्रांड की इस नई पहचान से बीमा को आसान बनाने, लोगों के साथ दिल से जुड़ाव को मजबूत करने और देश भर में वित्तीय सुरक्षा को सुलभ बनाने के कंपनी के लक्ष्य की झलक मिलती है।

इस नए ब्रांड को एजेस फेडरल लाइफ इंश्योरेंस के मैनेजिंग डायरेक्टर एवं सीईओ, श्री जूड गोम्स ने ब्रांड एंबेसडर और क्रिकेट जगत के दिग्गज, श्री सचिन तेंदुलकर की मौजूदगी में लॉन्च किया।

नई शुरुआत और नई उम्मीद को दर्शाने वाले कंपनी के नए लोगो से इस बात पर भरोसा और मजबूत होता है कि, हर अच्छे सफर की शुरुआत साफ इरादे और सकारात्मक सोच से होती है। नए लोगो में दो जुड़े हुए आर्क सुरक्षा का प्रतीक हैं, और ग्राहकों को जीवन के हर मोड़ पर सहारा देने के कंपनी के लक्ष्य को दर्शाते हैं।

लॉन्च के मौके पर, एजेस फेडरल लाइफ इंश्योरेंस के मैनेजिंग डायरेक्टर एवं सीईओ, श्री जूड गोम्स ने कहा, “यह नई पहचान बताती है कि हम कौन हैं और भारत के लोगों के लिए हम क्या बनना चाहते हैं- यानी हम संभावनाओं को साकार करने वाले हैं। ‘अल्बा’ में हर किसी की परवाह और उम्मीद का भाव समाया है, जबकि श्हर वादा मुमकिनश्- हर वादा होगा पूरा, हमारे ब्रांड का वादा है जिससे जाहिर है कि कंपनी अपना हर वादा पूरा करने के संकल्प पर कायम है। इस महत्वपूर्ण कदम से भारत में वित्तीय सुरक्षा की लगातार बढ़ती जरूरतों को पूरा करने और लाखों लोगों के लिए एक बेहतर भविष्य बनाने के हमारे अरमानों को बढ़ावा मिलता है।”

ब्रांड ने अपनी नई पहचान ऐसे दौर में पेश की है, जब भारत के जीवन बीमा क्षेत्र में बड़े बदलाव हो रहे हैं, जहाँ वित्तीय सुरक्षा के बारे में लोगों के बीच जागरूकता बढ़ रही है, डिजिटल तकनीक तेजी से अपनाई जा रही है, साथ ही डैडम्े और बचत करने वाले युवाओं जैसे नए ग्राहक वर्ग से माँग बढ़ रही है। इस आधार के साथ, एजेस फेडरल एक ऐसे बाजार में भरोसा, सुलभता और नयापन लाने का माध्यम बनने के लिए तैयार है जहाँ बीमा की पैठ अभी भी बहुत कम लोगों तक है।

एजेस फेडरल धीरे धीरे अपने डिस्ट्रीब्यूशन के दायरे को और बढ़ा रहा है, साथ ही नए भागीदारों को जोड़ रहा है, और इस तरह कंपनी ने बेहतरीन वित्तीय स्थिरता और शानदार प्रदर्शन को बरकरार रखा है। कंपनी मार्च 2025 तक 270ः के दमदार सॉल्वेंसी रेश्यो के साथ निजी क्षेत्र की जीवन बीमा कंपनियों में चैथे स्थान पर है, और दो नई शामिल की गई बीमा कंपनियों को छोड़ दिया जाए तो यह वास्तव में दूसरे स्थान पर है।

कंपनी ने 30 अक्टूबर 2025 को समाप्त हुई अवधि के लिए इंडिविजुअल ।च्म् में 13ः की सालाना वृद्धि दर्ज की, और यह प्रदर्शन सही मायने में इस उद्योग की लगभग 9ः की अनुमानित वृद्धि से कहीं बेहतर है। वित्त-वर्ष 25 के दौरान कंपनी ने 100ः व्यक्तिगत दावा निपटान अनुपात भी दर्ज किया, जिससे यह शीर्ष कंपनियों की श्रेणी में आ गई और इस तरह कंपनी ने भरोसे, सहानुभूति और बेहतरीन सेवा के प्रति अपने समर्पण को और मजबूत किया।

एजेस फेडरल ने एक हाइब्रिड डिस्ट्रीब्यूशन मॉडल के जरिए पूरे देश में अपनी मौजूदगी को मजबूत करना जारी रखा है, जो डिजिटल सुलभता और आखिरी सिरे तक मजबूत संपर्क का शानदार मेल है। सुनियोजित तरीके से की गई साझेदारी से कंपनी की पहुँच का विस्तार उन क्षेत्रों में होता है जहाँ सेवाएँ कम उपलब्ध हैं, साथ ही इससे भारत की अर्थव्यवस्था के आधार कहे जाने वाले डैडम् क्षेत्र को भी सहारा मिलता है। इस क्षेत्र के 85ः से ज्यादा व्यवसायों के कम बीमाकृत होने के कारण, कंपनी उन्हें जरूरत के अनुसार ैडम् बीमा देकर सुरक्षा की कमी को दूर कर रही है, ताकि पूरे भारत के डैडम्े आत्मविश्वास से आगे बढ़ सकें।

ब्रांड एंबेसडर, श्री सचिन तेंदुलकर ने कहा, “भारत की सबसे बड़ी लाइफ इंश्योरेंस कंपनियों में से एक के साथ जुड़ना मेरे लिए गौरव की बात है। अपनी नई पहचान और पक्के वादे के जरिए, यह ब्रांड इस बात को फिर दोहराता कि, लोगों का साथ देना और उनके जीवन को सुरक्षित बनाना कंपनी के लिए सच में मायने रखता है। नया लोगो और ब्रांड का वादा हर परिवार के भविष्य की सुरक्षा के लिए एक बार फिर से किए गए संकल्प को दिखाता है।”

रंगों के इस अनोखे मेल ने ब्रांड के नए स्वरूप में जान डाल दी है। नारंगी रंग उगते सूरज की गर्माहट और नई ऊर्जा को दर्शाता है, जो आशा, नई उमंग और प्रगति का प्रतीक है, वहीं बैंगनी रंग भरोसा, समझदारी, शांति और सच्चाई जैसे मूल्यों को दर्शाता है। ये रंग एक साथ मिलकर संकेत देते हैं कि ब्रांड भविष्य के लिए तैयार है, भारत के लिए तैयार है और संभावनाओं के लिए तैयार है।

ब्रांड के वादे को और मजबूत करते हुए, हर वादा मुमकिन दृ हर वादा होगा पूरा, इस बात का वचन है कि हर वादे को पारदर्शिता, तेजी और सही मकसद के साथ पूरा किया जाएगा।

स्वास्थ्य विभाग को मिले 10 और नये विशेषज्ञ चिकित्सक

Health department gets 10 more new specialist doctors
Health department gets 10 more new specialist doctors

*विभागीय मंत्री डॉ. रावत ने दिया तैनाती प्रस्ताव को मंजूरी*

*प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों में मजबूत होगी स्वास्थ्य सेवाएं*

देहरादून, 12 दिसम्बर 2025
सूबे के चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग को 10 और विशेषज्ञ चिकित्सक मिल गये हैं। पीएमएचएस संवर्ग के इन विशेषज्ञ चिकित्सकों की नवीन तैनाती को स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने अनुमोदन दे दिया है। पीजी कोर्स पूर्ण करने के उपरांत इन विशेषज्ञ चिकित्सकों को इनकी विशेषज्ञता को देखते हुये प्रदेशभर के विभिन्न चिकित्सालयों में तैनाती दी गई है। विशेषज्ञ चिकित्सकों की नियुक्ति से जहां प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाएं और मजबूत होगी वहीं दूरस्थ व ग्रामीण क्षेत्रों में स्थानीय लोगों को बेहतर उपचार मिल सकेगा।

प्रदेश में विशेषज्ञ चिकित्सकों की कमी को दूर करने के लिये राज्य सरकार प्रत्येक स्तर पर काम कर रही है। सरकार द्वारा चिकित्सा इकाईयों में विशेषज्ञ सेवाओं के विस्तार के साथ ही विशेषज्ञ चिकित्सकों की निरंतर तैनाती की जा रही है ताकि स्थानीय स्तर पर आम लोगों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सके। इसी कड़ी में स्वास्थ्य विभाग को 10 और विशेष चिकित्सक मिल गये हैं। जिसमें एमडी पथौलॉजी व एमडी कम्यूनिटी मेडिसिन में 2-2, जबकि एमडी मेडिसिन, एमडी एनेस्थिसिया, डीएनबी फैमली मेडिसिन, फैमली मेडिसिन, अस्थि रोग विशेषज्ञ एवं नेत्र सर्जन के 1-1 विशेषज्ञ चिकित्सक शामिल हैं। पोस्ट ग्रेजुएशन पाठ्यक्रम पूरा करने के बाद राज्य सेवा में लौटे इन विशेषज्ञ चिकित्सकों की नवीन तैनाती को सूबे के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने मंजूरी दे दी है। विशेषज्ञ चिकित्सकों को उनके विशेषज्ञता के अनुरूप प्रदेश के दूरस्थ क्षेत्रों के विभिन्न चिकित्सा इकाईयों में रिक्त पदों के सापेक्ष तैनाती दी गई है। जिसमें डॉ. नेहा कल्पासी व डॉ. आयुषी चौहान को जिला चिकित्सालय पिथौरागढ़, डॉ. विकास थलेड़ी को सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र गैरसैंण, डॉ. जयशंकर को उप जिला चिकित्सालय श्रीनगर, डॉ. अनुराधा हयांकी व डॉ. सृष्टि भारती को सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र चौखुटिया, डॉ. अनुराग अग्रवाल व डॉ. दीपक शर्मा को उप जिला चिकित्सालय काशीपुर, डॉ. चेतन अग्रवाल को जिला चिकित्सालय रूद्रप्रयाग तथा डॉ. स्नेही कल्याल को बेस अस्पताल हल्द्वानी में तैनाती दी गई है।

*बयान*
स्थानीय स्तर पर विशेषज्ञ चिकित्सकों की मांग के प्रति राज्य सरकार संजीदा है। चिकित्सा इकाईयों में विशेषज्ञ चिकित्सकों की निरंतर तैनाती की जा रही है। इसी क्रम में स्वास्थ्य विभाग को 10 और विशेषज्ञ चिकित्सक मिल गये हैं। जिन्हें प्रदेश की विभिन्न चिकित्सा इकाईयों तैनाती दे दी गई है। विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती से स्वास्थ्य सेवाओं को नई गति मिलेगी और आमजन को बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिलेगा। – *डॉ. धन सिंह रावत, स्वास्थ्य मंत्री, उत्तराखंड।*

पी.आर.डी जवानों के लिए एक विशिष्ट प्रशिक्षण संस्थान की स्थापना की जाएगी : मुख्यमंत्री

A special training institute will be established for PRD jawans Chief Minister
A special training institute will be established for PRD jawans Chief Minister

– धैर्य, समर्पण और अदम्य इच्छाशक्ति के प्रतीक हैं पी आर डी जवान : मुख्यमंत्री
देहरादून।  मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरूवार को ननूरखेड़ा, देहरादून स्थित निदेशालय युवा कल्याण एवं प्रान्तीय रक्षक दल परिसर में प्रान्तीय रक्षक दल के ‘स्थापना दिवस’ के अवसर पर आयोजित रैतिक परेड कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने दिवंगत पीआरडी स्वयंसेवकों के आश्रितों को सहायता राशि एवं पीआरडी जवानों के बच्चों को छात्रवृत्ति के चेक भी प्रदान किए।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने घोषणा कि की पी.आर.डी जवानों के लिए एक विशिष्ट प्रशिक्षण संस्थान की स्थापना की जाएगी।पीआरडी जवानों को भी अब ड्यूटी के दौरान चिकित्सालय में भर्ती होने की स्थिति में उपचार के दौरान ड्यूटी पर ही माना जाएगा और उन्हें अधिकतम छह माह का मानदेय प्रदान किया जाएगा। ग्राम अस्थल रायपुर में खेल मैदान का निर्माण भी किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने प्रांतीय रक्षक दल के स्थापना दिवस पर शुभकामनाएं देते हुए कहा कि पी.आर.डी जवान, धैर्य, समर्पण और अदम्य इच्छाशक्ति के साथ प्रदेश में सुरक्षा और जनसेवा में अग्रणी भूमिका निभा रहे हैं। पीआरडी जवान, प्रदेश में यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने, सुरक्षा व्यवस्था, लिपिकीय कार्यों और विभिन्न विभागीय का दायित्वों, प्राकृतिक आपदाओं में चुनौतीपूर्ण परिस्थिति में कार्य कर प्रदेश की सेवा कर रहे हैं। चार धाम यात्रा के दौरान भी जवानों ने धैर्य, संवेदनशीलता और सजगता के साथ लाखों श्रद्धालुओं को सुरक्षित यात्रा कराने में सहयोग किया।
मुख्यमंत्री ने कहा राज्य सरकार ने पीआरडी जवानों के कल्याण के लिए अनेकों महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। राज्य गठन के समय  पीआरडी जवानों को मात्र 65 रुपये प्रतिदिन भत्ता मिलता था। अब उसमें 10 गुना वृद्धि करते हुए उसे 650 रुपये प्रतिदिन किया गया है। पीआरडी जवानों के आश्रित बच्चों को छात्रवृत्ति प्रदान की जा रही है। राज्य सरकार ने मृत एवं घायल PRD जवानों और उनके आश्रितों को 70 लाख रुपये से अधिक की सहायता राशि प्रदान की है।
मुख्यमंत्री ने कहा 10 वर्ष की सेवा पूर्ण करने के बाद सेवानिवृत्त हुए पीआरडी जवानों को 18 लाख रुपये का एकमुश्त सेवा-भत्ता भी प्रदान किया है। साम्प्रदायिक दंगों में ड्यूटी के दौरान मृत्यु होने पर परिवार को मिलने वाली राशि को एक लाख रुपये से बढ़ाकर ₹ 2 लाख किया गया है। पीआरडी जवान की अति- संवेदनशील ड्यूटी में मृत्यु होने पर देय राशि 75 हजार रुपये से बढ़ाकर डेढ़ लाख रुपये की है। सामान्य ड्यूटी के दौरान मृत्यु होने की दशा में मिलने वाली राशि को भी 50 हजार रुपये से बढ़ाकर एक लाख रुपये किया गया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि साम्प्रदायिक दंगों और अति-संवेदनशील ड्यूटी के दौरान जान गंवाने वाले स्वयंसेवकों के अंतिम संस्कार के लिए नई नियमावली में अलग से प्रावधान किया है। प्राकृतिक आपदा के कारण होने वाले नुकसान के लिए भी संबंधित अधिकारी की संस्तुति पर अधिकतम 50 हजार रुपये तक की सहायता का प्रावधान भी PRD जवानों के लिए किया है। जवानों की सेवा के प्रति निष्ठा और समर्पण का सम्मान करते हुए हमनें वर्ष 2023 में मृत एवं अपंग जवानों के आश्रितों को पीआरडी जवान के रूप में पंजीकृत करना प्रारंभ किया था। जिसके पश्चात अब तक पंजीकृत 190 आश्रितों में से 133 आश्रितों को रोजगार भी प्रदान किया जा चुका है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस माह 149 पंजीकृत आश्रितों को विभागीय अर्द्ध सैन्य प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। जिससे वे  अपने कौशल में वृद्धि कर सकेंगे और भविष्य में पीआरडी सेवा के विभिन्न दायित्वों को और अधिक दक्षता और तत्परता के साथ निभाने में सक्षम होंगे।
कैबिनेट मंत्री रेखा आर्या ने कहा कि पीआरडी जवान, हर स्थिति में प्रदेश की सेवा करते हैं। चुनावों , पर्व त्यौहारों, आपदा से लेकर आम दिनों तक पीआरडी जवान हमेशा आगे रहते हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पीआरडी जवानों के हितों में कई ऐतिहासिक फैसले लिए हैं। 2022 से इस स्थापना दिवस को भव्य रूप से मनाया जा रहा है।  आज हमारे 7500 से अधिक पीआरडी जवान अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
इस अवसर पर विधायक उमेश शर्मा काऊ, विशेष प्रमुख सचिव अमित सिन्हा, अपर निदेशक युवा कल्याण राकेश डिमरी, एवं अन्य लोग मौजूद रहे।

पौड़ी-श्रीनगर एनएच पर टनल निर्माण को लेंगे जनसुझावः डॉ. धन सिंह रावत

Public suggestions will be taken for the construction of tunnel on Pauri-Srinagar NH Dr. Dhan Singh Rawat
Public suggestions will be taken for the construction of tunnel on Pauri-Srinagar NH Dr. Dhan Singh Rawat

– प्रेमनगर से चोपडियूं व तिरपालीसैण से जल्लू बैंड तक बनेगी सुरंग, कम होगी दूरी
– कहा, विधानसभा क्षेत्र के मोटरमार्गों के वनभूमि प्रकरणों को सुलझायें अधिकारी
देहरादून। श्रीनगर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत राष्ट्रीय राजमार्ग-309 (पौड़ी-श्रीनगर एनएच) पर दो टनलों का निर्माण किया जायेगा। इन टनलों के निर्माण से विधानसभा क्षेत्र के कई गांव राष्ट्रीय राजमार्ग से सीधे जुड़ जायेंगे, साथ ही दूरियां भी कम हो जायेगी। एनएच पर सुरंग बनाने से पहले स्थानीय जनता से जनसुझाव लिये जायेंगे ताकि परियोजना को बेहतर स्वरूप दिया जा सके। इसके अलावा विधानसभा क्षेत्र के तहत वनभूमि प्रकरणों के चलते लम्बित पड़ी डेढ़ दर्जन मोटरमार्गों को शीघ्र फॉरेस्ट क्लीयरेंस देने को वन विभाग के अधिकारियों को निर्देश दे दिये गये हैं।
सूबे के कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने बुधवार को पश्चिम बंगाल दौरे पर जाने से पहले अपने शासकीय आवास पर श्रीनगर विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न मोटरमार्गों के निर्माण, डामरीकरण एवं सुधारीकरण को लेकर राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, लोक निर्माण विभाग एंव वन विभाग की संयुक्त बैठक ली। जिसमें उन्होंने पौड़ी-श्रीनगर राष्ट्रीय राजमार्ग-309 पर प्रस्तावित दो टनलों के निर्माण को लेकर प्राधिकरण के अधिकारियों के साथ विस्तृत चर्चा कर उन्हें टनल की डीपीआर बनाने से पहले स्थानीय जनता से आवश्यक रूप से जनसुझाव लेने के निर्देश दिये, ताकि भविष्य में निर्माण कार्यों में किसी भी प्रकार का अवरोध पैदा न हो। डॉ. रावत ने कहा कि राष्ट्रीय राजमार्ग पर एक टनल प्रेमनगर से चोपड्यूं जबकि दूसरा टनल तिरपालीसैण से जल्लू बैंड तक बनाया जायेगा। दोनों टनलों के निर्माण से प्रेमनगर-चोपड्यूं के बीच लगभग 19 किलोमीटर तथा तिरपालीसैण-जल्लू बैंड के बीच लगभग 10 किलोमीटर की दूरी कम हो जायेगी और क्षेत्र के कई गांव सीधे राष्ट्रीय राजमार्ग से जुड़ जायेगा। इससे स्थानीय लोगों एवं ग्रामीणों को सुरक्षित, तेज एवं सुगम यातायात की सुविधा मिल सकेगी। इसके अलावा डॉ. रावत ने विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न मोटरमार्गों कल्याणखाल-किमोज- डांडखिल- भैड़गांव तल्ला मल्ला मोटरमार्ग, उपरैंखाल-भतपो तल्ला मल्ला-गाड़खरक- भगवतीतलैया मोटरमार्ग, भरीक-पैठाणी मोटरमार्ग, पैठाणी-इज्जर मोटर मार्ग, कुआंखर्क मोटरमार्ग, दुमलोट मोटरमार्ग, सैंजी से उदलाखाल मोटर मार्ग तथा चुठाणी से चोपड्यू मोटर मार्ग के वन भूमि से जुड़े प्रकरणों को एक पखवाड़े के भीतर निस्तारित कर शीघ्र फॉरेस्ट क्लीयरेंस देने के निर्देश वन विभाग के अधिकारियों को दिये। इसके साथ ही लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को उक्त मोटरमार्गों की डीपीआर तैयार कर शीघ्र शासन को उपलब्ध कराने के निर्देश दिये।
बैठक में  सचिव वन सी रवि शंकर,  प्रमुख वन संरक्षक व वन संरक्षण नोडल अधिकारी एसपी सुबुद्धि, अपर सचिव लोक निर्माण विभाग विनीत कुमार सहित राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण, लोक निर्माण विभाग एवं वन विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।
मजनी तोक वनभूमि प्रकरण का शीघ्र करें निस्तारणः डॉ. धन सिंह रावत
कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत की अध्यक्षता में हुई वन विभाग एवं थलीसैण विकासखण्ड के ग्रामसभा सौंठ के प्रतिनिधि मंडल की बैठक में वनभूमि प्रकरण को शीघ्र निस्तारण के निर्देश अधिकारियों को दिये गये। बैठक में ग्रामीणों के प्रतिनिधियों ने बताया कि थलीसैण विकासखण्ड के अंतर्गत ग्रामसभा सौंठ के मजनी तोक में ग्रामीण कई पीढ़ियों से रह रहे हैं। लेकिन हाल ही में वन विभाग द्वारा उक्त तोक को वनभूमि बताकर उन्हें नोटिस भेजे गये हैं। जिसें उन्हें वहां से मकान खाली करने को कहा गया है। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा जानबूझ कर ग्रामीणों को परेशान किया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। ग्रामीणों ने मांग करते हुये कहा कि वन विभाग द्वारा भेजे गये नोटिस को वापस लिया जाय। जिस पर डॉ. रावत ने ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि उनको उनकी जमीन से बेदलख नहीं किया जायेगा। उन्होंन वन विभाग के अधिकारियों को प्रकरण का त्वरित निस्तारण करने के निर्देश दिये।

महाराज ने एम्स पहुंचकर गुलदार के हमले में घायल कंचन देवी का हालचाल जाना 

Maharaj reached AIIMS to inquire about the health of Kanchan Devi, who was injured in the leopard attack.
Maharaj reached AIIMS to inquire about the health of Kanchan Devi, who was injured in the leopard attack.
पौड़ी। प्रदेश के कैबिनेट मंत्री, चौबट्टाखाल विधायक सतपाल महाराज और भाजपा युवा नेता सुयश रावत ने ऋषिकेश एम्स पहुंचकर गुलदार के हमले में गंभीर रूप से घायल विकासखण्ड पोखड़ा के ग्राम देवराड़ी निवासी 36 वर्षीय श्रीमती कंचन देवी पत्नी अर्जुन सिंह का हालचाल जाना। इस दौरान उन्होंने डाक्टरों से बातचीत कर उनकी देखभाल और उचित इलाज करने को भी कहा।
प्रदेश के कैबिनेट मंत्री एवं चौबट्टाखाल विधायक सतपाल महाराज और भाजपा युवा नेता सुयश रावत ने गुरुवार को ऋषिकेश एम्स पहुंचकर अपने विधानसभा क्षेत्र में गुलदार के हमले में गंभीर रूप से घायल विकासखण्ड पोखड़ा के ग्राम देवराड़ी निवासी 36 वर्षीय श्रीमती कंचन देवी पत्नी अर्जुन सिंह का हालचाल जाना। इस दौरान उन्होंने डाक्टरों से बातचीत कर उनकी देखभाल और उचित इलाज करने को भी कहा। उन्होंने घटना पर चिंता जताते हुए बुधवार को जिलाधिकारी से वार्ता कर गुलदार के हमले में घायल श्रीमती कंचन देवी को तत्काल एयरलिफ्ट कर एम्स ऋषिकेश में उनका उपचार करने के निर्देश दिए थे जिसके बाद उन्हें इलाज हेतु एयर एंबुलेंस से एम्स लाया गया था।
श्री महाराज ने अपने विधानसभा क्षेत्र चौबट्टाखाल में जंगली जानवरों के हमलों की बढ़ती घटनाओं पर चिंता जताते हुए वन मंत्री सुबोध उनियाल से वार्ता कर लोगों की सुरक्षा के साथ-साथ बढ़ती घटनाओं का अध्ययन कर उनसे सभी तरह के ऐतिहाती कदम उठने का भी अनुरोध किया। उन्होंने बताया कि ग्लोबल वार्मिंग के कारण जानवरों के स्वभाव में बदलाव आने के कारण वह खुंखार हो गये हैं। इसके अलावा इस बार अत्यधिक बरसात होने के कारण उनके रहने के स्थान पर नमी होने की वजह से वह सर्दियों दीर्घ निद्रा नहीं ले पा रहे हैं। जंगलों में भोजन की कमी भी एक बड़ा कारण माना जा रहा है जिस कारण वह आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों का रुख कर लोगों पर हमला कर रहे हैं।
उन्होंने ग्रामीण से अनुरोध किया है कि वह कहीं भी अकेले ना जाएं और अपनी सुरक्षा का पूरा ध्यान रखें। भारतीय जनता पार्टी के युवा नेता सुयश रावत भी इस दौरान उनके साथ रहे।

मानव अधिकार संरक्षण दिवस पर 13 संस्थाओं को किया सम्मानित

13 organizations honored on Human Rights Protection Day
13 organizations honored on Human Rights Protection Day

राज्य हमेशा मानव अधिकारों के संरक्षण के प्रति प्रतिबद्ध है – एडीजी अभिनव कुमार

मानव अधिकार संरक्षण के लिए कार्यरत संस्थाओं को संरक्षण दिए जाने का एक्ट में है प्रावधान: न्यायमूर्ति राजेश टंडन

मानव अधिकार संरक्षण केंद्र के तत्वावधान में राजपुर रोड स्थित एक होटल में मानव अधिकार संरक्षण दिवस मनाया गया। कार्यक्रम एक विचार गोष्ठी “नए बीएस कानून और मानवाधिकारों का संरक्षण” विषय के साथ प्रारंभ हुआ। कार्यक्रम में विभिन्न क्षेत्रों में मानव अधिकारों के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए कार्य कर रही 13 संस्थाओं को सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए नैनीताल हाईकोर्ट दैनिक लोक अदालत के पीठासीन सदस्य न्यायमूर्ति डॉ राजेश टंडन ने कहा कि नए बीएस कानून में बहुत सारे संशोधन ऐसे हुए हैं जो मानवाधिकारों के संरक्षण की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होंगे। उन्होंने कहा कि मानव अधिकार संरक्षण कानून – 1993 में मानव अधिकारों के संरक्षण के लिए कार्यरत स्वयं सेवी संस्थाओं के संरक्षण एवं प्रोत्साहन का प्रावधान है। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि राज्य के अपर पुलिस महानिदेशक (कारागार, सुरक्षा एवं अभिसूचना) श्री अभिनव कुमार, आईपीएस ने कहा कि राज्य हमेशा से मानव अधिकारों के संरक्षण के प्रति प्रतिबद्ध रहा है। मानव अधिकार संरक्षण कानून 1993 में लागू हुआ और मैं 1996 में मैंने नौकरी ज्वाइन की और इसी वर्ष जनवरी में मेरी सेवा को 30 वर्ष हो जाएंगे। मैं इन 30 वर्षों में समय के साथ-साथ मानव अधिकार संरक्षण कानून को धरातल पर क्रियान्वित होते हुए देखा है। 30 वर्ष पूर्व पूरे देश में कस्टोडियन टॉर्चर के मामले हजारों में होते थे लेकिन मानव अधिकार संरक्षण एक्ट के बेहतर क्रियान्वयन, न्यायपालिका , मानवाधिकार आयोग एवं मानव अधिकारों के संरक्षण के लिए बनी अन्य संस्थाओं की सक्रियता और प्रशासनिक और पुलिस तंत्र की सक्रियता के बाद अब यह घटकर लगभग ढाई सौ के आसपास वह भी छोटी-मोटी टॉर्चर की घटनाएं अभी भी रिकॉर्ड होती है। लेकिन यह प्रयास तब तक जारी रहेगा तब तक यह शून्य हो जाए। इसी प्रकार दहेज प्रथा उन्मूलन कानून आज से तकरीबन 60 वर्ष पूर्व बना था और धीरे-धीरे समय के साथ समाज में जागरूकता आई और दहेज के कारण होने वाले टॉर्चर और हत्याओं में बहुत तेजी के साथ कमी आई। मेरा कहना यह है कि जब कानून बनते हैं वह पहला कदम होता है। उनका धरातल पर क्रियान्वयन होना और समाज में जागरूकता यह दूसरा उसका कदम होता है। इसमें हमारे समाज और समाज के बीच में कार्य करने वाली संस्थाएं, सरकार द्वारा स्थापित आयोग, हमारे प्रशासनिक एवं पुलिस तंत्र बहुत कारक सिद्ध हुआ हैं।

इस अवसर पर मानव अधिकारों के संरक्षण संवर्धन एवं मानव जीवन को ऊंचा उठने के लिए कार्य करने वाली 13 संस्थाओं को सम्मानित किया गया जिनमें प्रमुखता उदयन केयर ट्रस्ट, प्रथम स्वास्थ्य फाउंडेशन,श्री जय राम मेमोरियल शिक्षा एवं नारी उत्थान समिति, श्री महाकाल सेवा समिति, समर्पण सेवा समिति, जानकी देवी एजुकेशनल वेलफेयर सोसाइटी, भारतीय ग्रामोत्थान संस्थान, भारतीय भारती श्रमजीवी पत्रकार संघ, प्रोग्रेसिव कम्युनिटी, काजमी मानव सेवा ट्रस्ट, एमजेएफ लायन चरणजीत सोई को “नौवें मानव अधिकार संरक्षण रत्न सम्मान” से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में डॉ प्रेम कश्यप द्वारा धन्यवाद ज्ञापन दिया गया। कार्यक्रम का संचालन डॉ कुंवर राज अस्थाना द्वारा किया गया। कार्यक्रम में पदमश्री डॉ आरके जैन, श्री अशोक वर्मा, श्री अनिल वर्मा, श्री राजकुमार पुरोहित, श्री आर. पी. गुप्ता, डॉ अजय सक्सेना, डॉ सुनील अग्रवाल, श्री राजीव वर्मा, एड. पीयूष अग्रवाल, श्री एसपी सिंह, श्री अकबर सिद्दीकी, श्री संजय जोशी, श्री विमल डबराल, श्री संजीव शर्मा, श्री राजीव थपलियाल, श्री वीडी शर्मा आदि प्रमुख रूप से उपस्थित थे।

मंत्री गणेश जोशी ने कुमाऊं दौरे के दौरान पिथौरागढ़, डीडीहाट का किया दौरा, पैतृक गांव पहुंचकर ग्रामीणों की सुनी समस्या

During his visit to Kumaon, Minister Ganesh Joshi visited Pithoragarh and Didihat, and upon reaching his ancestral village, he listened to the problems of the villagers.
During his visit to Kumaon, Minister Ganesh Joshi visited Pithoragarh and Didihat, and upon reaching his ancestral village, he listened to the problems of the villagers.

पिथौरागढ़, 10 दिसम्बर। कृषि, ग्राम्य एवं सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने कुमाऊं भ्रमण के दौरान आज पिथौरागढ़ में पूर्व सैनिक संगठन पिथौरागढ़ के पूर्व सैनिकों से मुलाकात की। इस अवसर पर उन्होंने संगठन द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि राज्य सरकार सैनिकों तथा उनके परिवारों के कल्याण के लिए निरंतर प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है।

मंत्री जोशी ने घोषणा की कि हल्द्वानी में शहीदों के आश्रितों और उनके बच्चों के लिए एक हॉस्टल का निर्माण जल्द किया जाएगा, जिसका नाम जनरल बिपिन चंद्र जोशी के नाम पर रखा जाएगा। साथ ही जिले के पूर्व सैनिकों के लिए एक मिलन केंद्र स्थापित करने की भी घोषणा की, जिससे पूर्व सैनिकों को संवाद और सहयोग का सशक्त मंच मिल सकेगा।

इसके उपरांत मंत्री गणेश जोशी ने पिथौरागढ़ स्थित जनरल बी.सी. जोशी आर्मी पब्लिक स्कूल पहुंचकर स्वर्गीय जनरल बी.सी. जोशी की प्रतिमा पर पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि जनरल बी.सी. जोशी भारतीय सेना में अद्वितीय नेतृत्व, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा के प्रतीक रहे हैं तथा उनका जीवन युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत है।

इसके बाद मंत्री जोशी ने डीडीहाट स्थित जिला सैनिक कल्याण एवं पुनर्वास कार्यालय का निरीक्षण किया और जनपद में संचालित योजनाओं की प्रगति की जानकारी ली। सैनिक कल्याण अधिकारी ने अवगत कराया कि पूर्व एवं सेवारत सैनिकों तथा सैनिक विधवाओं की समस्याओं के समाधान के लिए पाँचों ब्लॉक प्रतिनिधि नियमित भ्रमण कर रहे हैं। बताया गया कि नए सैनिक कल्याण कार्यालय भवन के निर्माण हेतु 744.08 लाख रुपये का प्रस्ताव शासन को भेजा गया है। अब तक 172 पेंशन मामलों का निस्तारण किया जा चुका है। मंत्री जोशी ने अधिकारियों को सैनिकों तथा उनके आश्रितों से जुड़ी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए।

अपने भ्रमण के दौरान डीडीहाट पहुंचने पर भाजपा जिलाध्यक्ष गिरीश जोशी सहित पार्टी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने मंत्री का स्वागत किया। मंत्री ने कार्यकर्ताओं की समस्याएं भी सुनी और समाधान का आश्वासन दिया।

अपने पैतृक गांव छनपट्टा पहुंचने पर ग्रामीणों ने उनका स्वागत किया। मंत्री जोशी ने ग्रामीणों की समस्याओं को सुनकर कई मामलों का मौके पर निस्तारण किया तथा शेष मामलों को संबंधित अधिकारियों को शीघ्र हल करने के निर्देश दिए। उन्होंने उद्यान विभाग अधिकारियों को सचल दल केंद्रों में आवश्यक संसाधन उपलब्ध रखने और किसानों को खाद व दवाइयां समय पर उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए।

डीडीहाट आपदा से क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत को लेकर मंत्री जोशी ने पीएमजीएसवाई अधिकारियों को आदिचेरा–हुनेरा, देवीसोना–गराली, सानदेव–चोबाटी–अदलगांव, आदिचोरा–सीढ़ी और डीडीहाट–पम्पश्यारी मोटर मार्गों के कार्य शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। अधिकारियों ने बताया कि सभी संबंधित प्रस्ताव शासन को भेज दिए गए हैं।

इस अवसर पर जिलाध्यक्ष गिरीश जोशी, जिला पंचायत अध्यक्ष जितेंद्र प्रसाद, कल्पना देवलाल, जिला पंचायत सदस्य कमला जुयाल, सी.एस. भाटी, से.नि. कर्नल करम सिंह बिष्ट, अध्यक्ष मयूख भट्ट, एसडीएम मंजीत सिंह, जिला सैनिक कल्याण अधिकारी के.एस. बिष्ट, कैप्टन सुरेंद्र सिंह, अर्जुन अवॉर्डी तथा कृषि एवं ग्राम विकास विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।

उच्च शिक्षा मंत्री डॉ. रावत ने वितरित किये नियुक्ति पत्र

Higher Education Minister Dr. Rawat distributed appointment letters.
Higher Education Minister Dr. Rawat distributed appointment letters.

उच्च शिक्षा विभाग को मिले 5 सहायक पुस्तकालयाध्यक्ष

नियुक्ति पत्र मिलते ही खुशी से खिल उठे युवाओं के चेहरे

देहरादून, 10 दिसम्बर 2025

सूबे के उच्च शिक्षा विभाग को 5 नये सहायक पुस्तकालयाध्यक्ष मिल गये हैं। उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के माध्यम से चयनित इन अभ्यर्थियों को विभागीय मंत्री डॉ धन सिंह रावत ने नियुक्ति पत्र वितरित किये। डॉ रावत ने सभी नव नियुक्ति सहायक पुस्तकालयाध्यक्ष को शुभकामनाएं दी और उम्मीद जताई कि सभी लोग विभागीय दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा और ईमानदारी से करेंगे।

सूबे के उच्च शिक्षा मंत्री डॉ धन सिंह रावत ने आज अपने शासकीय आवास पर उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के माध्यम से चयनित 5 सहायक पुस्तकालयाध्यक्ष को नियुक्ति पत्र वितरित किये। इन सभी सहायक पुस्तकालयाध्यक्षों को दुर्गम क्षेत्र के महाविद्यालयों में प्रथम तैनाती दी गई। जिसमें संतोषी गौड़ को राजकीय महाविद्यालय नैनीडांडा, अर्पित कुमार सिंह को उपरैंखाल, प्रीति जोशी को भतरौंजखान, चंदन सिंह जीना को थलीसैण तथा मनोज कुमार को राजकीय महाविद्यालय सोमेश्वर में प्रथम तैनाती दी गई।

इस अवसर पर डॉ रावत ने सभी चयनित अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं दी, साथ ही उम्मीद जताई वह अपने विभागीय कार्यों एवं दायित्वों का निर्वहन पूरी ईमानदारी व निष्ठा के साथ करेंगे। डॉ रावत ने बताया कि राज्य सरकार उच्च शिक्षा विभाग में लगातार रिक्त पदों को भर रही है। इसी कड़ी में सहायक पुस्तकालयाध्यक्ष के नियुक्ति से महाविद्यालयों के पुस्तकालयों में छात्र छात्राओं को उचित समय पर बेहतर पुस्तकें मिल सकेंगी साथ ही पुस्तकों का व्यवस्थित रख रखाव भी किया जायेगा। वहीं नियुक्ति पत्र पाकर युवाओं के चेहरे खिल उठे। उन्होंने नियुक्ति पत्र मिलने पर विभागीय मंत्री का आभार जताया।

इस अवसर पर संयुक्त निदेशक उच्च शिक्षा डॉ. ए. एस. उनियाल, उप निदेशक डॉ. ममता नैथानी, सहायक निदेशक डॉ प्रमोद कुमार, वीरेंद्र रावत सहित अन्य विभागीय अधिकारी व नव नियुक्त सहायक पुस्तकालयाध्यक्ष व उनके परिजन उपस्थित रहे।

महाराज ने गुलदार के हमले में कंचन देवी के गंभीर रूप से घायल होने पर चिंता जताई

Maharaj gave instructions to the District Magistrate regarding the arrangements for Maa Kalinka Fair.
Maharaj gave instructions to the District Magistrate regarding the arrangements for Maa Kalinka Fair.

एयर एंबुलेंस के माध्यम से उपचार हेतु एम्स पहुंचने के दिये निर्देश

पौड़ी। प्रदेश के कैबिनेट मंत्री और चौबट्टाखाल विधायक सतपाल महाराज ने पोखड़ा ब्लॉक के ग्राम देवराड़ी में 36 वर्षीय कंचन देवी पत्नी अर्जुन सिंह पर गुलदार के हमला में गंभीर रूप से घायल होने पर चिंता जताते हुए जिलाधिकारी से वार्ता कर तत्काल उन्हें एयरलिफ्ट कर एम्स ऋषिकेश में उनका उपचार करने के निर्देश दिए।myhitbet

श्री महाराज ने अपने विधानसभा क्षेत्र चौबट्टाखाल में गुलदार के हमलों की बढ़ती घटनाओं पर चिंता जताते हुए वन विभाग के अधिकारियों से कहा है कि वह पूरे इलाके में ड्रोन से निगरानी के साथ-साथ गश्त बढ़ाकर तत्काल लोगों की सुरक्षा के सभी जरुरी कदम उठाएं। उन्होंने पंचायत विभाग के अधिकारियों से कहा है कि गुलदार एवं जंगली जानवरों के छिपने के स्थान के साथ-साथ गांव के आसपास शीघ्रता से झाड़ियां का कटान करना सुनिश्चित करें।

पीवी सिंधु ने ‘नारी शक्ति’ का शुभारंभ किया – ईबीजी ग्रुप की ओर से महिलाओं के सशक्तिकरण की बड़ी पहल

PV Sindhu launched ‘Nari Shakti’ – a major initiative for women's empowerment by EBG Group.
PV Sindhu launched ‘Nari Shakti’ – a major initiative for women's empowerment by EBG Group.

महिलाओं के लिए तत्काल मदद हेतु 24×7 राष्ट्रीय एसओएस हेल्पलाइन ‘सुरक्षा लाइन’ (7777777963) लॉन्च

देहरादून-10 दिसंबर 2025: तेजी से बढ़ते भारतीय समूह ईबीजी ग्रुप, जिसके हित मोबिलिटी, हेल्थ, रियल्टी, लाइफस्टाइल, फूड, सर्विसेज, टेक्नॉलॉजी और एजुकेशन जैसे विविध क्षेत्रों में हैं, ने आज ईबीजी फाउंडेशन के नेतृत्व में राष्ट्रीय महिला सशक्तिकरण मिशन ‘नारी शक्ति’ की घोषणा की। वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए ग्रुप ने इस कार्यक्रम हेतु 1 मिलियन अमेरिकी डॉलर (लगभग ₹8.5 करोड़) की प्रतिबद्धता जताई है।पहले चरण में पूरे भारत में 1,00,000 महिलाओं को सशक्त बनाने का लक्ष्य रखा गया है।blackxbet

इस पहल के तहत 24×7 राष्ट्रीय एसओएस हेल्पलाइन ‘सुरक्षा लाइन’ (7777777963) भी लॉन्च की गई है, जो महिलाओं को तत्काल सहायता, मार्गदर्शन और सुरक्षा प्रदान करेगी।

हैदराबाद में आयोजित समारोह में पद्म श्री से सम्मानित एवं प्रोफेशनल बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु ने इस मिशन और राष्ट्रीय हेल्पलाइन का उद्घाटन किया।

इस अवसर पर ईबीजी ग्रुप के चेयरमैन एवं संस्थापक डॉ. इरफान खान ने कहा: “आजादी के 75 साल बाद भी लाखों महिलाएं सुरक्षा, आवाज, आर्थिक स्वतंत्रता, स्वास्थ्य सुविधा, कानूनी सुरक्षा और सम्मान से वंचित हैं। नारी शक्ति इन्हीं वास्तविकताओं को बदलने के लिए बनाई गई है – यह दान नहीं, एक्शन है।यह कार्यक्रम जनता से फंड नहीं जुटाता; हम अपने व्यवसायों से कमाई से ईबीजी फाउंडेशन पूरी पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ संसाधन लगाती है।

हमारे ईबीजी में ही 60% से अधिक कर्मचारी महिलाएं हैं। इसी अनुभव को देशव्यापी बनाकर हम आर्थिक स्वतंत्रता, स्वास्थ्य, शिक्षा, सुरक्षा, कानूनी अधिकार और सम्मान – सब कुछ एक ही मंच पर देने वाली राष्ट्रीय व्यवस्था बना रहे हैं।”

पीवी सिंधु ने कहा: “नारी शक्ति यानी सम्मान को एक्शन में बदलना जब कोई महिला घर बैठे कमाई कर सके, अपना स्वास्थ्य संभाल सके, फिर से पढ़ सके, बिना डर के मदद मांग सके, अपने हक के लिए लड़ सके और सम्मान के साथ बुढ़ापा जिए – तभी समाज आगे बढ़ता है।मैं गर्व महसूस कर रही हूं कि मैं वह पहल लॉन्च कर रही हूं जो वादे नहीं, असली ताकत देती है।”

नारी शक्ति: महिलाओं की प्रगति के छह स्तंभ

1. काम एंड कमाई → घर से काम करके कमाने के अवसर

2. सेहत एंड स्वच्छता → बेसिक हेल्थ चेकअप और डिग्निटी किट

3. पढ़ना एंड बदलना → दूसरा मौका शिक्षा और डिजिटल स्किल्स

4. सुरक्षा लाइन → 24×7 राष्ट्रीय एसओएस हेल्पलाइन – 7777777963

5. कानून एंड हक → सुरक्षा व अधिकारों के लिए कानूनी सहायता

6. साथ एंड सहारा → त्यागी गई या वृद्ध महिलाओं के लिए ‘नारी शक्ति होम्स’

नारी शक्ति हर उम्र, पृष्ठभूमि और समुदाय की महिलाओं के लिए खुली है।घरेलू हिंसा पीड़िताओं, विधवाओं, सिंगल मदर्स, त्यागी गई बुजुर्ग महिलाओं, बिना आय वाली महिलाओं और जिनकी पढ़ाई जल्दी शादी या आर्थिक तंगी के कारण रुक गई, उन्हें प्राथमिकता दी जाएगी।

इन छह स्तंभों और 1 मिलियन डॉलर की प्रतिबद्धता के साथ ईबीजी फाउंडेशन एक मापनीय, मापन योग्य और स्वावलंबी सशक्तिकरण ढांचा तैयार कर रही है, जिसे पूरे भारत में दोहराया जा सके।

Congress submitted a memorandum to SP City regarding traffic arrangements.

अपनी शादी के लिए दून पहुंचे क्रिकेटर कुलदीप यादव

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देहरादून।  स्टार क्रिकेटर कुलदीप यादव गुरुवार को अपनी शादी समारोह के लिए दून पहुंच गए हैं। वह कुछ देर रायपुर स्थित सरबजीत कंपलेक्स हाथी...
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