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पीएनबी ने डीएफएस परिसर में सैलरी अकाउंट फैसिलिटेशन कैंप का आयोजन किया

PNB organizes Salary Account Facilitation Camp at DFS Campus
PNB organizes Salary Account Facilitation Camp at DFS Campus

देहरादून -18 फरवरी 2026: सार्वजनिक क्षेत्र में भारत के अग्रणी बैंकों में से एक, पंजाब नैशनल बैंक (पीएनबी) द्वारा वित्तीय सेवा विभाग, वित्त मंत्रालय में सैलरी अकाउंट फैसिलिटेशन कैंप का आयोजन किया। डीएफएस की पहल पर इस कैंप का उद्देश्य केंद्र सरकार के कर्मचारियों को उनके कार्यस्थल पर ही निर्बाध बैंकिंग सेवाएं उपलब्ध कराना है।

उपस्थित लोगों को माननीय डीएफएस सचिव श्री एम. नागराजू और पीएनबी के एमडी एवं सीईओ श्री अशोक चंद्र ने संबोधित किया। इस अवसर पर डीएफएस की संयुक्त सचिव श्रीमती शालिनी पंडित, डीएफएस के संयुक्त सचिव श्री मनोज मुत्ताथिल अय्यप्पन, डीएफएस के डीडीजी श्री चंद्रदीप कुमार झा, पीएनबी के कार्यपालक निदेशक श्री बिभु प्रसाद महापात्र एवं डीएफएस सहित बैंक के अन्य वरिष्ठ अधिकारी की भी गरिमामयी उपस्थित रही ।

डीएफएस की पहल के तहत सभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों ने केंद्रीय कर्मचारियों के लिए विशेष ‘कस्टमाइज्ड सैलरी पैकेज’ पेश किए हैं, जो केंद्र सरकार के कर्मचारियों को वित्तीय सुविधा और पारिवारिक सुरक्षा दोनों प्रदान करते हैं।

इस अवसर पर वित्तीय सेवा विभाग के सचिव श्री एम. नागराजू ने कहा कि यह पहल केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों तक वित्तीय सेवाओं की प्रभावी पहुंच सुनिश्चित करने के लिए सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाती है। उन्होंने एकीकृत बैंकिंग समाधान विकसित करने में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के समन्वित प्रयासों की सराहना की और केंद्रीय सरकारी कर्मचारियों से शिविर में सक्रिय रूप से भाग लेने और वेतन खाता पैकेजों का लाभ उठाने का आग्रह किया।

उपस्थित समूह को संबोधित करते हुए पीएनबी के एमडी एवं सीईओ श्री अशोक चंद्र ने कहा, ” डीएफएस की पहल पर सभी सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों के द्वारI व्यापक ‘सैलरी अकाउंट पैकेज’ पेश किया जाना हर्ष का विषय है । इसे सरकारी कर्मचारियों को बैंकिंग सुविधा, वित्तीय सुरक्षा, बीमा संरक्षण और मूल्य वर्धित सेवाएं प्रदान करने के लिए डिज़ाइन किया गया है। यह कैंप सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों द्वारा साझेदारी में सुलभ और कर्मचारी-केंद्रित बैंकिंग समाधान प्रदान करने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।”

इसकी कुछ मुख्य विशेषताएं इस प्रकार हैं:
व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा और हवाई दुर्घटना कवर।
टर्म लाइफ इंश्योरेंस, हॉस्पिकैश लाभ और नि:शुल्क सालाना स्वास्थ्य जांच एवं टेली-परामर्श के साथ वेलनेस प्रोग्राम।
कस्टमाइज्ड या पसंदीदा खाता संख्या की सुविधा और तत्काल ओवरड्राफ्ट।
आवास, वाहन, शिक्षा और व्यक्तिगत ऋण पर रियायती ब्याज दरें।
आकर्षक लाभों और ऑफर्स के साथ आजीवन निःशुल्क डेबिट कार्ड जिसकी विशेषताएँ में शोपींग, यात्रा, मनोरंजन और अन्य लाईफ़स्टाईल श्रेणियों में वाउचर और छूट शामिल है ।
आकर्षक लाभों और ऑफर्स के साथ आजीवन मुफ्त क्रेडिट कार्ड ।

सूबे में अपनाया जायेगा गुजरात का सहकारिता माॅडलः डाॅ. धन सिंह रावत

Gujarat's cooperative model will be adopted in the state Dr. Dhan Singh Rawat
Gujarat's cooperative model will be adopted in the state Dr. Dhan Singh Rawat

अन्न भंडारण, क्रेडिट प्रणाली और डिजिटल विस्तार पर रहेगा विशेष जोर

कहा, ग्रामीण अर्थव्यवस्था के सशक्तिकरण को बनेगी ठोस रणनीति

गुजरात/देहरादून, 18 फरवरी 2026
सूबे के सहकारिता मंत्री डाॅ. धन सिंह रावत ने अपने गुजरात प्रवास के दौरान आज गांधीनगर में सहकारिता से जुड़े विभिन्न महत्वपूर्ण संस्थानों का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों के साथ बैठक कर संस्थानों के कार्यकलापों, अन्न भंडारण व्यवस्था, बैंकिंग प्रणाली, डिजिटल विस्तार और किसानों के आर्थिक सशक्तिकरण से संबंधित योजनाओं के बारे में जानकारी ली।

मीडिया को जारी बयान में डाॅ. रावत ने कहा कि उत्तराखंड में सहकारिता क्षेत्र को सशक्त बनाने के लिए गुजरात के सफल सहकारिता मॉडल को अपनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि राज्य में सहकारी संघों, बैंकों व समितियों में आधुनिक प्रबंधन प्रणाली, वैज्ञानिक अन्न भंडारण, पारदर्शी क्रेडिट व्यवस्था और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर विशेष फोकस कर सहकारिता आंदोलन को नई दिशा दी जाएगी। साथ ही केन्द्र व राज्य सरकार की योजनाओं को जन-जन तक पहुँचाने के लिए व्यापक जागरूकता अभियान चलाये जायेंगे।

आधुनिक अन्न भंडारण व्यवस्था का निरीक्षण
गुजरात प्रवास के दौरान डाॅ. रावत ने आज गांधीनगर स्थित सरढव सेवा सहकारी मंडली लिमिटेड के पीएम श्री अन्न भंडारण केंद्र का निरीक्षण किया। जहां उन्होंने वैज्ञानिक व सुरक्षित भंडारण व्यवस्था की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी प्रणाली किसानों की उपज को सुरक्षित रखने और खाद्यान्न की गुणवत्ता बनाए रखने में अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने इसे किसानों की आय वृद्धि और खाद्य सुरक्षा के लिए प्रभावी मॉडल बताया।

वित्तीय व क्रेडिट प्रणाली की ली जानकरी
डाॅ. रावत ने गांधीनगर जिला सहकारी संघ तथा जिला सहकारी ऋण समिति लिमिटेड का भी दौरा किया। इस दौरान उन्होंने समिति के पारदर्शी प्रबंधन, क्रेडिट प्रणाली और वित्तीय समावेशन की योजनाओं की जानकारी अधिकारियों से ली। अपने भ्रमण के दौरान डाॅ. रावत ने जिला सहकारी संघ गांधीनगर के अध्यक्ष कोदरभाई आर पेटल से मुलाकात की और सहकारिता के विभिन्न आयामों, योजनाओं और भविष्य की योजनाओं पर विस्तृत चर्चा की। इस दौरान डाॅ. रावत ने उत्तराखंड में संचालित विभिन्न सहकारी योजनाओं का जानकारी भी साझा की।

डाॅ. रावत ने कहा कि सहकारिता सामाजिक समरसता, सामूहिक भागीदारी और आर्थिक सशक्तिकरण का प्रभावी माध्यम है। गुजरात के प्रेरणादायी अनुभवों से सीख लेकर उत्तराखंड में सहकारिता आंदोलन को आधुनिक, पारदर्शी और तकनीक-आधारित बनाया जाएगा, जिससे ग्रामीण विकास, वित्तीय समावेशन और आत्मनिर्भर उत्तराखंड के लक्ष्य को नई मजबूती मिलेगी।

मातृशक्ति के योगदान से समाज और राष्ट्र सशक्त:  सीएम  धामी

Society and nation are empowered by the contribution of women power CM Dhami
Society and nation are empowered by the contribution of women power CM Dhami

देहरादून। राजकीय दून मेडिकल कॉलेज, पटेल नगर, देहरादून में विश्वमांगल्य सभा के तत्वाधान में आयोजित ‘मातृ संस्कार समागम’ कार्यक्रम में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशभर से आई मातृशक्ति का अभिनंदन करते हुए उनके प्रति सम्मान प्रकट किया। मुख्यमंत्री धामी ने अपने बचपन और निजी जीवन के अनुभव साझा करते हुए कहा कि उनका जीवन किसी विशेष सुविधा से नहीं, बल्कि संघर्ष, अनुशासन और संस्कारों की पूंजी से बना है। साधारण परिवार में पले-बढ़े होने के कारण उन्होंने मेहनत, ईमानदारी और आत्मनिर्भरता का महत्व प्रारंभ से ही समझा। उन्होंने कहा कि सीमित संसाधनों के बीच बड़े सपने देखने और उन्हें साकार करने का संकल्प ही उनके व्यक्तित्व की असली ताकत बना। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऊँचा पद या प्रतिष्ठा नहीं, बल्कि मजबूत चरित्र और स्पष्ट उद्देश्य ही व्यक्ति को महान बनाते हैं। सादगी, संयम और समाज के प्रति उत्तरदायित्व की भावना उनके निर्णयों का आधार रही है। धामी ने कहा कि भारतीय संस्कृति में माता का स्थान सर्वोच्च है और मातृशक्ति परिवार की धुरी है। यदि परिवार सशक्त होगा तो समाज और राष्ट्र भी सशक्त होंगे। मुख्यमंत्री ने प्रभु श्रीराम एवं माता कौशल्या, भगवान श्रीकृष्ण एवं माता यशोदा तथा छत्रपति शिवाजी महाराज एवं माता जीजाबाई के उदाहरण देते हुए कहा कि इन महान विभूतियों के व्यक्तित्व निर्माण में मातृसंस्कारों की निर्णायक भूमिका रही है। उन्होंने कहा कि माता द्वारा दिए गए संस्कार ही व्यक्ति के चरित्र, विचार और व्यवहार की नींव रखते हैं। धामी ने आधुनिक जीवनशैली और पारिवारिक मूल्यों के बीच संतुलन की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि संयुक्त परिवारों का स्वरूप सीमित हुआ है और एकल परिवारों का प्रचलन बढ़ा है, जिससे संवाद और आत्मीयता प्रभावित हुई है। विवाह-विच्छेद की बढ़ती घटनाओं को उन्होंने सामाजिक बदलाव का संकेत बताया और ‘कुटुंब प्रबोधन’ की अवधारणा को समय की मांग कहा। कार्यक्रम में गीता धामी ने भी संबोधित किया। उन्होंने कहा कि सामाजिक सेवा ही मानवीय जीवन का मूल है और जब सेवा परिवार की परंपरा बन जाती है तो उसका प्रभाव पूरे समाज पर पड़ता है। उन्होंने माताओं से आग्रह किया कि वे बच्चों को प्रतिस्पर्धा के साथ-साथ संवेदना, सहयोग और सामाजिक उत्तरदायित्व का पाठ भी पढ़ाएँ। परिवार को उन्होंने पहली पाठशाला बताते हुए कहा कि माताएँ ही घर की सांस्कृतिक धुरी होती हैं।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सप्त मातृ शक्ति सम्मान के तहत सात महिलाओं को विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित किया। कार्यक्रम में विश्वमांगल्य सभा के पदाधिकारी, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि, जनप्रतिनिधि और प्रदेशभर से आई महिलाएँ उपस्थित रहीं।

सीएम धामी ने सड़क सुरक्षा जागरूकता एवं पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य से आयोजित मैराथन का फ्लैग ऑफ किया

CM Dhami flagged off the marathon organized for the purpose of road safety awareness and environmental protection.
CM Dhami flagged off the marathon organized for the purpose of road safety awareness and environmental protection.

देहरादून।  मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मंगलवार को कैंट रोड, देहरादून से सड़क सुरक्षा जागरूकता एवं पर्यावरण संरक्षण के उद्देश्य से आयोजित 5 किलोमीटर दौड़ का फ्लैग ऑफ किया। विभिन्न आयु वर्गों के बड़ी संख्या में प्रतिभागियों ने इस दौड़ में भाग लिया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री धामी ने सभी प्रतिभागियों को सड़क सुरक्षा नियमों के पालन एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने की शपथ भी दिलाई।  मुख्यमंत्री ने कहा कि यातायात के नियमों का पालन करना एवं पर्यावरण की रक्षा प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है। सड़क सुरक्षा एवं पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सरकार द्वारा निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। इस अवसर पर विधायक खजान दास,  सविता कपूर एवं परिवहन विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।

सहकारिता के जरिये ग्रामीण विकास पर अहम फोकसः डाॅ. धन सिंह

Rural development through cooperatives is a key focus Dr. Dhan Singh
Rural development through cooperatives is a key focus Dr. Dhan Singh

गुजरात में आयोजित सहकारिता मंथन में नवाचारी योजनाओं की दी जानकारी

मुख्यमंत्री घस्यारी कल्याण योजना व मिलेश मिशन की जमकर हुई सराहना

गुजरात/देहरादून, 17 फरवरी 2026
गुजरात में केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में आयोजित सहकारिता मंत्रियों के मंथन बैठक में मुख्यमंत्री घस्यारी कल्याण योजना, मिलेट्स मिशन योजना तथा दीनदयाल उपाध्याय सहकारिता किसान कल्याण योजना की जमकर सराहना की गई। साथ ही इन योजनाओं को माॅडल के रूप में राष्ट्रीय स्तर पर अपनाये जाने पर भी विचार किया गया, ताकि राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के तहत किसानों की आय में वृद्धि, पशुधन अर्थव्यवस्था के सुदृढ़ीकरण, ग्रामीण आजीविका सहित पोषण योजनाओं को प्रोत्साहन मिल सके।

सूबे के सहकारिता मंत्री डाॅ. धन सिंह रावत ने मीडिया को जारी बयान में बताया कि केन्द्रीय सहकारिता मंत्री की अध्यक्षता में सहकारिता मंत्रियों की उच्चस्तरीय मंथन बैठक में ‘सहकार से समृद्धि’ को लेकर कई महत्वपूर्ण विषयों की मंथन किया गया। इस महामंथन में राज्य सरकार द्वारा सरकारिता के क्षेत्र में संचालित विभिन्न नवाचारी योजनाओं का प्रस्तुतिकरण दिया गया। जिसमें दीनदयाल उपाध्याय सहकारिता किसान कल्याण योजना, मुख्यमंत्री घस्यारी कल्याण योजना तथा मिलेट्स मिशन योजना शामिल है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय प्राथमिकताओं के अनुरूप राज्य में इन परिवर्तनकारी योजनाओं को लागू किया गया है। जिनका मकसद ग्रामीण विकास, आर्थिक सशक्तिकरण व सामाजिक समावेशन को बढ़ावा देना है। साथ ही किसानों की आय में वृद्धि, पशुधन अर्थव्यवस्था के सुदृढ़ीकरण, ग्रामीण आजीविका, मिलेट उत्पादन व पोषण सुरक्षा को बढ़ावा देना है। डाॅ. रावत ने बताया कि दीनदयाल उपाध्याय सहकारिता किसान कल्याण योजना के अंतर्गत सहकारी बैंकों के माध्यम से किसानों, काश्तकारों, युवाओं व महिला स्वयं सहायता समूहों को आत्मनिर्भर बनाने के लिये ब्याज मुक्त ऋण वितरित किया जाता है। अभी तक इस योजना के तहत 11 लाख 71 हजार 810 किसानों व 6597 लाभार्थियों को 7284.76 करोड़ ऋण वितरित किया गया। इसी प्रकार राज्य में ग्रामीण महिलाओं के श्रमभार में कमी व पशुधन के लिये किफायती व उच्च गुणवत्ता वाले साइलेज की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिये मुख्यमंत्री घस्यारी कल्याण योजना संचालित की जा रही है। जिसके तहत एमपैक्स के माध्यम से अब तक 28605 लाभार्थियों को रियायती दर पर साइलेज उपलब्ध कराया गया है। इससे एमपैक्स को करीब रू. 161.07 लाख का लाभ हुआ है। राज्य में सहकारी संस्थाओं के माध्यम से मिलेट की खेती एवं खरीद को बढ़ावा देने के लिये मिलेट मिशन योजना शुरू की गई। जिसके तहत किसानों से न्यूनतम समर्थन मूल्य पर मोटा अनाज खरीजा जा रहा है। वित्तीय वर्ष 2023-24 से वित्तीय वर्ष 2025-26 तक 7457 कृषकों से बढ़कर 11153 कृषकों से 53860 कुंतल मिलेट्ख खरीदा गया। जिसका किसानों को त्वरित भुगतान किया गया।

डाॅ. रावत ने बताया कि मंथन बैठक में प्रदेश की तीनों नवाचारी योजनाओं को जमकर सराहा गया और केन्द्रीय सहकारिता मंत्री अमित शाह ने इन योजनओं को माॅडल के तौर पर राष्ट्रीय स्तर पर अपनाने की बात कही। डाॅ. रावत ने बैठक में रूद्रप्रयाग, बागेश्वर व चम्पावत जनपद में जिला सहकारी बैंकों के संचालन को लेेकर लाइसेंस प्रदान किये जाने की मांग भी रखी।

इस अवसर पर गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल, उपमुख्यमंत्री हर्ष संघवी, विधानसभा अध्यक्ष शंकरभाई चौधरी, केंद्रीय राज्य मंत्री (सहकारिता) कृष्ण पाल गुर्जर एवं मुरलीधर मोहोल सहित देश के सभी राज्यों एवं केंद्र शासित प्रदेशों के सहकारिता मंत्री गण उपस्थित रहे।

आकाश इंस्टीट्यूट उत्तराखंड में JEE Main 2026 में शानदार प्रदर्शन किया: 20 स्टूडेंट्स ने बहतरीन प्रदर्शन किया ; आयुष बारदिया 99.92 परसेंटाइल के साथ टॉप स्कोरर बने

Aakash Institute Uttarakhand showcases stellar performance in JEE Main 2026 20 students perform exceptionally well; Ayush Bardia tops the list with 99.92 percentile
Aakash Institute Uttarakhand showcases stellar performance in JEE Main 2026 20 students perform exceptionally well; Ayush Bardia tops the list with 99.92 percentile

– लगभग पूर्ण प्रतिशत अंक प्राप्त करते हुए असाधारण प्रदर्शन किया और भौतिकी में त्रुटिहीन 99.9 परसेंटाइल, रसायन विज्ञान में 99.89 परसेंटाइल और गणित में 99.8 परसेंटाइल अंक हासिल किए, जिससे उत्तराखंड और आकाश एजुकेशनल सर्विसेज लिमिटेड को गर्व हुआ।

देहरादून, 17 फरवरी, 2026: आकाश एजुकेशनल सर्विसेज लिमिटेड (AESL) के देहरादून के 11 स्टूडेंट्स ने JEE Main 2026 (सेशन 1) के दौरान फिर से शानदार प्रदर्शन किया है और अपने पूरे क्षेत्र में अपने एकेडमिक प्रोग्राम की लगातार सफलता का सबूत दिया है।
नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) द्वारा 16 फरवरी को जारी किए गए नतीजों के अनुसार, JEE Main 2026 में, आकाश इंस्टीट्यूट, देहरादून ब्रांच के 11 स्टूडेंट्स ने शानदार प्रदर्शन किया।

वेदांत सिंह रौतेला ने शानदार 99.81 परसेंटाइल के साथ ब्रांच में टॉप किया, उसके बाद प्रक्षाल जैन ने 99.69 परसेंटाइल और वेदांश बहुगुणा ने 99.67 परसेंटाइल हासिल किए।

अंशुल शर्मा और अरुणाभ निधि शर्मा दोनों ने 99.51 परसेंटाइल हासिल किए, जबकि विनायक ध्यानी ने 99.47 परसेंटाइल हासिल किए। आदित्य शर्मा ने 99.43 परसेंटाइल और हर्ष कुमार ने 99.27 परसेंटाइल हासिल किए। मनित खुराना ने 99.19 परसेंटाइल, शौर्य नौटियाल ने 99.09 परसेंटाइल और निशांत नेगी ने 99.05 परसेंटाइल हासिल किए, जो JEE Main 2026 में देहरादून ब्रांच की शानदार ओवरऑल परफॉर्मेंस को दिखाता है।

स्टूडेंट्स की कामयाबी पर कमेंट करते हुए, आकाश एजुकेशनल सर्विसेज लिमिटेड के रीजनल डायरेक्टर, श्री धनंजय कुमार मिश्रा ने कहा: “देहरादून के हमारे स्टूडेंट्स के शानदार रिजल्ट्स एकेडमिक्स के प्रति उनके कमिटमेंट के साथ-साथ आकाश एजुकेशनल इकोसिस्टम की मजबूती का सबूत हैं। हमें उनकी कड़ी मेहनत पर बहुत गर्व है और हम उनकी कामयाबी के लिए उन्हें बधाई देते हैं। हम उनके भविष्य के प्रयासों में लगातार सफलता की कामना करते हैं।”

कई स्टूडेंट्स ने यह भी कहा कि सेल्फ-डिसिप्लिन, लगातार प्रैक्टिस, कड़ी ट्रेनिंग, समय पर मेंटरिंग और रेगुलर असेसमेंट से इनमें से कई स्टूडेंट्स को सफलता मिली। अपने स्ट्रक्चर्ड करिकुलम, एक क्वालिफाइड इंस्ट्रक्टर से गाइडेंस और रेगुलर सिम्युलेटेड टेस्ट देने के मौके से, उन्होंने अपनी पढ़ाई पर फोकस बनाए रखा, कमजोरियों को जल्दी पहचाना और अपनी परफॉर्मेंस में लगातार सुधार किया। JEE Main, जिसमें साल में दो बार टेस्ट देने का मौका मिलता है, स्टूडेंट्स को अपने पिछले रिज़ल्ट को बेहतर बनाने का मौका देता है और यह वह तरीका है जिससे स्टूडेंट्स को NITs, IIITs और सरकार से सपोर्टेड दूसरे इंस्टिट्यूट में एडमिशन मिल सकता है, साथ ही JEE Advanced देने के लिए भी क्वालिफ़ाई किया जा सकता है, जो इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी (IITs) में एडमिशन के लिए टेस्ट है।

महाराज ने दर्शन सिंह रिंगोडा को बनाया विधायक प्रतिनिधि

Maharaj appointed Darshan Singh Ringoda as MLA representative
Maharaj appointed Darshan Singh Ringoda as MLA representative

बीरोंखाल (पौड़ी)। प्रदेश के कैबिनेट मंत्री और चौबट्टाखाल विधायक सतपाल महाराज ने विधानसभा क्षेत्र चौबट्टाखाल के अन्तर्गत विकासखण्ड बीरोंखाल में आम जनमानस की समस्याओं के अंतर्गत होने वाली विभिन्न बैठकों, सरकारी कार्यक्रमों में प्रतिभाग करने हेतु विकासखण्ड बीरोंखाल के अन्तर्गत ग्राम ग्वीनखाल के पार्टी कार्यकर्ता दर्शन सिंह रिंगोडा को अपना विधायक प्रतिनिधि नियुक्त किया है।

श्री महाराज ने आशा व्यक्त की है कि दर्शन सिंह रिंगोडा बतौर विधायक प्रतिनिधि अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन पूरी ईमानदारी एवं निष्ठा से करेंगे और विधानसभा क्षेत्र के विकास में अपना योगदान देंगे।

यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया द्वारा दो नई कोलैटरल फ्री निर्यात ऋण योजना का शुभारंभ

Union Bank of India launches two new collateral-free export credit schemes
Union Bank of India launches two new collateral-free export credit schemes

देहरादून – 16 फरवरी, 2026: निर्यात को बढ़ावा देने और भारत सरकार के विज़न के अनुरूप 2047 तक भारत को विकसित भारत बनाने के लिए, यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया द्वारा दो नई निर्यात ऋण कार्यशील पूंजी योजनाओं का शुभारंभ किया गया है- “यूनियन निर्यात सुगम” और “यूनियन निर्यात प्रोत्साहन योजना”।

“यूनियन निर्यात सुगम” योजना के अंतर्गत सभी विनिर्माता निर्यातकर्ताओं को 80 करोड़ रुपये तक का निर्यात ऋण कार्यशील पूंजी प्रदान की जाती है, जिसमें गैर-एमएसएमई भी शामिल हैं (व्यापारी, मर्चेंट निर्यातकर्ता, रत्न, आभूषण तथा हीरे और लौह अयस्क निर्यातकर्ताओं को छोड़कर). इस योजना के अंतर्गत, कोलैटरल सुरक्षा जमा करना आवश्यक नहीं है. यह योजना विशेषकर निर्यातकर्ताओं को किफ़ायती निर्यात वित्त का एक्सेस प्रदान करने के लिए डिज़ाइन की गई है, जिससे वे अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में बेहतर प्रतिस्पर्धा कर सकें।

“यूनियन निर्यात प्रोत्साहन योजना” के अंतर्गत सभी सूक्ष्म और लघु निर्यातकर्ताओं (व्यापारी, मर्चेंट निर्यातकर्ता, रत्न, आभूषण तथा हीरे और लौह अयस्क निर्यातकर्ताओं सहित) को 10 करोड़ रुपये तक की कोलैटरल फ्री निर्यात ऋण कार्यशील पूंजी दी जाती है. इस योजना के अंतर्गत, कोलैटरल सुरक्षा या तृतीय पक्ष गारंटी की कोई आवश्यकता नहीं है. यह योजना सूक्ष्म और लघु निर्यातकर्ताओं के लिए बनाई गई है, जिसके माध्यम से किफ़ायती और बिना किसी गारंटी के निर्यात वित्त दिया जाता है।

दोनों योजनाओं के अंतर्गत, रुपये और विदेशी मुद्रा में प्रतिस्पर्धात्मक ब्याज दर दिए जाते हैं, जो बाहरी बेंचमार्क से जुड़े होते हैं और सीधा डीलिंग एक्सेस के साथ बेहतर एक्सचेंज मार्जिन देते हैं।

यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया सदैव विनिर्माता निर्यातकर्ताओं और एमएसएमई को सपोर्ट करने में सबसे आगे रहा है, जिसमें कार्यशील पूंजी के दबाव को कम किया गया है और निर्यातकर्ताओं और एमएसएमई को वैश्विक स्तर पर अधिक प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए कई तरह की ऋण सुविधाएं दी गई हैं।

यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया सभी अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों में निर्यात ऋण में लगभग 10% मार्केट शेयर के साथ दूसरे स्थान पर है।

यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया द्वारा दो नई कोलैटरल फ्री निर्यात ऋण योजना का शुभारंभ

Union Bank of India launches two new collateral-free export credit schemes
Union Bank of India launches two new collateral-free export credit schemes

देहरादून – 16 फरवरी, 2026: निर्यात को बढ़ावा देने और भारत सरकार के विज़न के अनुरूप 2047 तक भारत को विकसित भारत बनाने के लिए, यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया द्वारा दो नई निर्यात ऋण कार्यशील पूंजी योजनाओं का शुभारंभ किया गया है- “यूनियन निर्यात सुगम” और “यूनियन निर्यात प्रोत्साहन योजना”।

“यूनियन निर्यात सुगम” योजना के अंतर्गत सभी विनिर्माता निर्यातकर्ताओं को 80 करोड़ रुपये तक का निर्यात ऋण कार्यशील पूंजी प्रदान की जाती है, जिसमें गैर-एमएसएमई भी शामिल हैं (व्यापारी, मर्चेंट निर्यातकर्ता, रत्न, आभूषण तथा हीरे और लौह अयस्क निर्यातकर्ताओं को छोड़कर). इस योजना के अंतर्गत, कोलैटरल सुरक्षा जमा करना आवश्यक नहीं है. यह योजना विशेषकर निर्यातकर्ताओं को किफ़ायती निर्यात वित्त का एक्सेस प्रदान करने के लिए डिज़ाइन की गई है, जिससे वे अंतरराष्ट्रीय बाज़ार में बेहतर प्रतिस्पर्धा कर सकें।

“यूनियन निर्यात प्रोत्साहन योजना” के अंतर्गत सभी सूक्ष्म और लघु निर्यातकर्ताओं (व्यापारी, मर्चेंट निर्यातकर्ता, रत्न, आभूषण तथा हीरे और लौह अयस्क निर्यातकर्ताओं सहित) को 10 करोड़ रुपये तक की कोलैटरल फ्री निर्यात ऋण कार्यशील पूंजी दी जाती है. इस योजना के अंतर्गत, कोलैटरल सुरक्षा या तृतीय पक्ष गारंटी की कोई आवश्यकता नहीं है. यह योजना सूक्ष्म और लघु निर्यातकर्ताओं के लिए बनाई गई है, जिसके माध्यम से किफ़ायती और बिना किसी गारंटी के निर्यात वित्त दिया जाता है।

दोनों योजनाओं के अंतर्गत, रुपये और विदेशी मुद्रा में प्रतिस्पर्धात्मक ब्याज दर दिए जाते हैं, जो बाहरी बेंचमार्क से जुड़े होते हैं और सीधा डीलिंग एक्सेस के साथ बेहतर एक्सचेंज मार्जिन देते हैं।

यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया सदैव विनिर्माता निर्यातकर्ताओं और एमएसएमई को सपोर्ट करने में सबसे आगे रहा है, जिसमें कार्यशील पूंजी के दबाव को कम किया गया है और निर्यातकर्ताओं और एमएसएमई को वैश्विक स्तर पर अधिक प्रतिस्पर्धी बनाने के लिए कई तरह की ऋण सुविधाएं दी गई हैं।

यूनियन बैंक ऑफ़ इंडिया सभी अनुसूचित वाणिज्यिक बैंकों में निर्यात ऋण में लगभग 10% मार्केट शेयर के साथ दूसरे स्थान पर है।

पाबौं में कैबिनेट मंत्री डाॅ. रावत का कार्यकर्ताओं ने किया जोरादार स्वागत

Cabinet Minister Dr Rawat was given a rousing welcome by party workers in Pabau.
Cabinet Minister Dr Rawat was given a rousing welcome by party workers in Pabau.

अभिनंदन कार्यक्रम में उमड़ा जनसैलाब, लोगों ने फूलों से किया भव्य स्वागत

कैबिनेट मंत्री ने 570 लाख की विकास योजनाओं का किया शिलान्यास व लोकार्पण

पौड़ी/पाबौं, 16 फरवरी 2026
सूबे के कैबिनेट मंत्री डाॅ. धन सिंह रावत का सोमवार को श्रीनगर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत पाबौं पहुंचने पर स्थानीय जनता एवं भारतीय जनता पार्टी कार्यकर्ताओं ने भव्य स्वागत किया। पाबौं विकासखंड मुख्यालय में आयोजित अभिनंदन कार्यक्रम में भारी जनसैलाब उमड़ा, जहां लोगों ने फूलों की वर्षा कर गगनभेदी नारों के साथ डाॅ. रावत का अभिनंदन किया।

कैबिनेट मंत्री का काफिला जैसे ही पाबौं पहुंचा, क्षेत्रवासियों और पार्टी कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों, झंडों और स्वागत बैनरों के साथ उनका स्वागत किया। ब्लॉक मुख्यालय में बड़ी संख्या में उपस्थित लोगों ने कार्यक्रम को उत्सव का रूप दे दिया। युवाओं से लेकर बुजुर्गों तक सभी वर्गों के लोगों में भारी उत्साह देखने को मिला।
इस अवसर पर डॉ. रावत ने जनता के अपार स्नेह के लिए आभार व्यक्त करते हुए क्षेत्र के समग्र विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि राज्य में डबल इंजन सरकार के प्रयासों से विकास कार्यों को नई गति मिली है और श्रीनगर विधानसभा क्षेत्र को भी इसका लाभ पहुंचाया जा रहा है।

इसके उपरांत खुण्डेश्वर मैदान में आयोजित कार्यक्रम में कैबिनेट मंत्री ने 570 लाख रुपये से अधिक लागत की विभिन्न विकास योजनाओं का शिलान्यास एवं लोकार्पण किया। इन योजनाओं में सड़क, पेयजल, शिक्षा और सामुदायिक भवनों से संबंधित कार्य शामिल हैं, जिससे क्षेत्र के लोगों को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।

कार्यक्रम में जिला अध्यक्ष कमल किशोर रावत, ब्लॉक प्रमुख लता, मातवार सिंह रावत, विभिन्न ग्राम पंचायतों के प्रधानगण , क्षेत्र पंचायत सदस्यों एवं पार्टी पदाधिकारियों, स्थानीय गणमान्य व्यक्तियों एवं बड़ी संख्या में क्षेत्रवासियों की गरिमामयी उपस्थिति रही।

NSS is a national organization dedicated to social service Dr. Anil Verma

एनएसएस समाज सेवा को समर्पित राष्ट्रीय संगठन है : डॉo अनिल...

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