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देवभूमि जल शक्ति कांट्रेक्टर वेलफेयर एसोसिएशन के ठेकेदारों ने सचिव पेयजल रणवीर सिंह चौहान से मुलाकात की।

Contractors from the Devbhoomi Jal Shakti Contractor Welfare Association met with the Secretary of Drinking Water, Ranveer Singh Chauhan.
Contractors from the Devbhoomi Jal Shakti Contractor Welfare Association met with the Secretary of Drinking Water, Ranveer Singh Chauhan.

आगामी 15 दिनों के भीतर लंबित धनराशि ठेकेदारों को आवंटित नहीं की जाती है, तो योजनाएं स्वतः ही पूर्ण रूप से ठप होने की स्थिति में पहुंच जाएंगी।

देवभूमि जल शक्ति कांट्रेक्टर वेलफेयर एसोसिएशन के ठेकेदारों के भुगतान लंबित रखे जाने एवं अधिकारियों द्वारा लगातार आश्वासन देकर उपेक्षा किए जाने पर ठेकेदारों ने प्रेस वार्ता की

देहरादून- 14 मई 2026: देवभूमि जल शक्ति कांट्रेक्टर वेलफेयर एसोसिएशन के ठेकेदारों के भुगतान लंबित रखे जाने एवं अधिकारियों द्वारा लगातार आश्वासन देकर उपेक्षा किए जाने पर आज ठेकेदारों का एक दल ने सचिव पेयजल रणवीर सिंह चौहान से सचिवालय परिसर में मुलाकात की। उसके बाद सभी ठेकेदारों ने उत्तरांचल प्रेस क्लब में प्रेस वार्ता का आयोजन किया एवं अपनी बात रखी। मीडिया को संबोधित करते हुए देवभूमि जल शक्ति कांट्रेक्टर वेलफेयर एसोसिएशन के अध्यक्ष अमित अग्रवाल ने कहा कि “हम लगातार दो वर्षों से सचिवालय एवं विभाग कार्यालय का दौरा कर रहे हैं परंतु अभी तक हम सभी ठेकेदारों को माननीय प्रधानमंत्री जी की ड्रीम परियोजना जल जीवन मिशन में कार्यरत उत्तराखंड के ठेकेदारों के भुगतान लंबित रखे जाने एवं अधिकारियों द्वारा लगातार आश्वासन देकर उपेक्षा किया जा रहा हैं। उन्होंने कहां “यह सर्वविदित है कि उत्तराखंड राज्य में माननीय प्रधानमंत्री जी की महत्वाकांक्षी ड्रीम परियोजना जल जीवन मिशन को धरातल पर उतारने हेतु राज्य के ठेकेदारों द्वारा अपनी निर्धारित क्षमता से कहीं अधिक तन, मन एवं धन लगाकर अत्यंत जिम्मेदारी एवं निष्ठा के साथ कार्य किया गया है।

परंतु अत्यंत खेद एवं पीड़ा के साथ अवगत कराना पड़ रहा है कि विगत लगभग ढाई वर्षों से ठेकेदारों को उनके वैध भुगतान से वंचित रखा गया है। समय-समय पर विभिन्न अधिकारियों द्वारा अलग-अलग कारण बताते हुए भुगतान को टालने का कार्य किया गया। कभी कहा गया कि जीओ टैगिंग पूर्ण होने के पश्चात भुगतान होगा, तत्पश्चात के. एम.एल. फाइल तैयार होने पर धन आवंटन की बात कही गई, फिर यूनिक आईडी मैपिंग पूर्ण होने के बाद भुगतान का आश्वासन दिया गया।”

इसके उपरांत दिनांक 06 अप्रैल 2026 को सचिव की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में अवगत कराया गया कि केंद्र सरकार एवं राज्य सरकार के मध्य एम.ओ.यू. होना शेष है तथा एम.ओ.यू. होते ही भुगतान जारी कर दिया जाएगा। आज एक माह से अधिक समय व्यतीत हो जाने के पश्चात भी जबकि केंद्र सरकार एवं राज्य सरकार के मध्य एम.ओ.यू. संपन्न हो चुका है, फिर भी ठेकेदारों को भुगतान के संबंध में कोई स्पष्ट आश्वासन नहीं दिया जा रहा है। अब यह कहा जा रहा है कि केंद्र सरकार से धनराशि प्राप्त नहीं हुई है।”

देवभूमि जल शक्ति कांट्रेक्टर वेलफेयर एसोसिएशन के उपाध्यक्ष सचिन मित्तल ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा ” हम सभी ठेकेदार भाइयों को शासन स्तर से पूर्ण अपेक्षा एवं विश्वास है कि केंद्र एवं राज्य स्तर से शीघ्र आवश्यक धनराशि आवंटित कराकर ठेकेदारों को राहत प्रदान की जाएगी। अन्यथा यदि आगामी 15 दिनों के भीतर लंबित धनराशि ठेकेदारों को आवंटित नहीं की जाती है, तो योजनाएं स्वतः ही पूर्ण रूप से ठप होने की स्थिति में पहुंच जाएंगी, एवं ठेकेदारों को जिलों एवं मुख्यालय में धरने पर बैठने को मजबूर होना पड़ेगा जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी शासन, प्रशासन एवं संबंधित अधिकारीगणों की होगी।

प्रेस वार्ता में देवभूमि जल शक्ति कांट्रेक्टर वेलफेयर एसोसिएशन की ओर से अमित अग्रवाल, अध्यक्ष, सचिन मित्तल, उपाध्यक्ष, सुनील गुप्ता, सचिव , संदीप मित्तल एवं गौरव गोयल मौजूद रहे।