
शराब एक जहर है
यह समझ लो खूब
जो भी इसको पीता
विवेक जाता भूल
शराब नकली हो
या फिर हो असली
दोनो होती जान लेवा
नकली तुरन्त मारती
असली से भी परिवार रोया
राजस्व के लोभ में
सरकार भी करती
यह कारोबार
परिवार टूटने का कारण
शराब है प्रमुख आधार
अच्छा हो इस जहर से
सबके सब तौबा कर लो
जान सुरक्षित हो जाएगी
खुशहाली घर लौट आएगी।
—–श्रीगोपाल नारसन

















