शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत निजी शिक्षण संस्थानों में अपने बच्चों को प्रवेश दिलाने के लिए सोमवार को ब्लॉक संसाधन केंद्र में अभिभावकों की भीड़ उमड़ पड़ी। भीड़ के चलते व्यवस्था बनाने में शिक्षा विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को कड़ी मशक्कत करनी पड़ी।
आरटीई के तहत आवेदन पत्रों की जांच के लिए 11 अप्रैल अंतिम तिथि थी। इससे पूर्व शनिवार और रविवार को अवकाश होने के कारण दो दिनों तक कार्यालय बंद रहा। जिसके चलते अंतिम दिन आवेदन पत्रों की जांच के लिए अभिभावकों की भीड़ उमड़ पड़ी। भीड़ को व्यवस्थित रखने के लिए कर्मचारियों की ओर से सुबह एक घंटे तक कूपन बांटे गए। एक घंटे में ही दो सौ से अधिक अभिभावकों को कूपन देकर अपनी बारी आने पर काउंटर पर आवेदन पत्र जमा करने को कहा गया। बावजूद इसके पूरे दिन कूपन लेने के लिए भी अभिभावकों में मारामारी मची रही। शाम पांच बजे कर्मचारियों की ओर से सभी अभिभावकों के आवेदन पत्र लेक लिए गए, जिनकी जांच मंगलवार को की जाएगी। उधर, उप शिक्षाधिकारी हिमांशु कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि पांच बजे ब्लॉक संसाधन केंद्र में आने वाले प्रत्येक अभिभावक के आवेदन पत्रों को जमा कर लिया गया है। दस्तावेजों की जांच का कार्य मंगलवार को भी जारी रहेगा।

















