Home उत्तराखंड स्कूलों में छात्र-छात्राओं के सुरक्षा के होंगे पुख्ता इंतजाम

स्कूलों में छात्र-छात्राओं के सुरक्षा के होंगे पुख्ता इंतजाम

There will be strong arrangements for the safety of students in schools.
There will be strong arrangements for the safety of students in schools.

विभागीय मंत्री के निर्देश पर निदेशक ने जारी किये आदेश

समय-समय पर राज्य स्तर पर भी होगी सुरक्षा समीक्षा

देहरादून, 3 दिसम्बर 2025
चमोली जनपद में छात्र-छात्राओं के यौन शोषण एवं छेड़छाड़ की घटना को देखते हुये प्रदेशभर के सभी विद्यालयों में विद्यार्थियों की सुरक्षा को सख्त कदम उठाये गये हैं। विभागीय मंत्री डॉ रावत के निर्देशों के क्रम में सभी जनपदों के मुख्य शिक्षा अधिकारियों को ऐसी घटना की पुनरावृत्ति रोकने को जनपद स्तर पर निगरानी व सुरक्षा प्रोटोकॉल सख्ती से लागू करने को कहा गया है। साथ ही राज्य स्तर पर भी समय-समय पर इसकी समीक्षा की जायेगी।

माध्यमिक शिक्षा निदेशक डॉ. मुकुल कुमार सती ने चमोली जनपद के राजकीय इण्टर कॉलेज गौणा में अतिथि शिक्षक यूनुस अंसारी द्वारा छात्र-छात्राओं के यौन शोषण व छेड़छाड़ की घटना को दुखद व चिंताजनक बताया। उन्होंने बताया कि विभागीय मंत्री डॉ धन सिंह रावत के निर्देश पर उक्त प्रकरण में सख्त कार्यवाही की जा रही है। साथ ही ऐसे घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो इसके लिये निगरानी व सुरक्षा प्रोटोकॉल को विद्यालयों में सख्ती से लागू किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि विभागीय स्तर पर जिला एवं विकासखंड स्तर के अधिकारियों को विद्यालयों में सुरक्षा मानकों की कड़ाई से निगरानी करने तथा विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। साथ ही सभी जनपदों के मुख्य शिक्षा अधिकारियों को अपने-अपने जनपदों के विद्यालयों में छात्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने को ठोस एवं प्रभावी कदम उठाने को कहा गया है, जिसकी समय-समय पर राज्य स्तर पर भी समीक्षा की जायेगी।

डॉ. सती ने बताया कि विद्यालयी शिक्षा विभाग द्वारा राज्य के माध्यमिक विद्यालयों में सहायक अध्यापक (एलटी) एवं प्रवक्ता के रिक्त पदों पर नियमित नियुक्ति होने तक शिक्षण कार्य बाधित न हो, इसके लिये सरकार द्वारा अतिथि शिक्षकों की तैनाती की व्यवस्था की गयी है। इसी क्रम में विभिन्न जनपदों एवं विकासखण्डों में गठित चयन समितियों के माध्यम से अतिथि शिक्षक नियुक्त किये गये थे। उन्होंने बताया कि चमोली जनपद में विकासखण्ड स्तर पर गठित समिति द्वारा अगस्त 2015 में राजनीति विज्ञान विषय में प्रवक्ता पद पर यूनुस अंसारी का चयन किया गया था तथा उनकी तैनाती राजकीय इण्टर कॉलेज ईराणी, दशोली में की गयी थी। उक्त विद्यालय में नियमित शिक्षक की नियुक्ति होने पर आरोपी अतिथि शिक्षक प्रभावित हो गया था, जिसके चलते फरवरी 2020 में उन्हें राजकीय इण्टर कॉलेज गौणा में तैनाती दी गई।

डॉ. सती ने बताया कि हाल ही में यूनुस अंसारी द्वारा विद्यालय में छात्र-छात्राओं के यौन शोषण व छेड़छाड़ करने की गंभीर शिकायतें संज्ञान में आयीं। बच्चों की सुरक्षा एवं हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए विभाग द्वारा उनके अतिथि शिक्षक अनुबन्ध को तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया गया है।

उन्होंने कहा कि चयन के समय यूनुस अंसारी द्वारा स्थाई निवास प्रमाण पत्र, पटवारी क्षेत्र प्रमाण पत्र तथा उत्तराखण्ड राज्य के अन्य पिछड़ा वर्ग का वैध जाति प्रमाण पत्र आवेदन के साथ प्रस्तुत किया गया था। ये सभी प्रमाण पत्र अन्य विभागों/प्राधिकरणों द्वारा निर्गत किये जाते हैं और नियुक्ति/तैनाती की प्रक्रिया में विभाग द्वारा इन्हीं अभिलेखों के आधार पर नियमानुसार कार्यवाही की जाती है।

बयान-

विद्यालयों में छात्र-छात्राओं की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। विभागीय अधिकारियों को विद्यालयों में सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने के स्पष्ट निर्देश दे दिये गए हैं। साथ ही सभी मुख्य शिक्षा अधिकारियों को प्रत्येक विद्यालय में सुरक्षा व्यवस्था की व्यापक समीक्षा कर, प्रधानाचार्यों को आवश्यक निर्देश जारी करने को कहा गया है।