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मुख्य सचिव ने हिमाचल सरकार को लिखा पत्र, सिंहपुरा- नावघाट पुल कनेक्टिविटी को लेकर जन संघर्ष मोर्चा मुखर, मोर्चा कनेक्टिविटी कराकर ही दम लेगा 

Chief Secretary wrote a letter to Himachal Government, Jan Sangharsh Morcha is vocal about Singhpura- Naavghat bridge connectivity, Morcha will not rest until connectivity is achieved
Chief Secretary wrote a letter to Himachal Government, Jan Sangharsh Morcha is vocal about Singhpura- Naavghat bridge connectivity, Morcha will not rest until connectivity is achieved

विकासनगर- जन संघर्ष मोर्चा  टीम ने एक बार फिर से मोर्चा अध्यक्ष एवं जीएमवीएन के पूर्व उपाध्यक्ष रघुनाथ सिंह नेगी के नेतृत्व में उत्तराखंड एवं हिमाचल प्रदेश को जोड़ने वाला सेतु सिंहपुरा (हिप्र)- नावघाट( उत्तराखंड) पुल की कनेक्टिविटी (एप्रोच रोड) मामले में स्थिति का जायजा लिया |

*नेगी ने मामले में फिर से मुख्य सचिव आनंद बर्धन को दिनांक 17/7/25 को ज्ञापन सौंपकर कार्यवाही का आग्रह किया था,जिस पर मुख्य सचिव ने  हिमाचल प्रदेश के मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना को दिनांक 21/ 7/25 पत्र प्रेषित कर कार्यवाही का आग्रह किया था तथा हिमाचल सरकार के मुख्य सचिव से दूरभाष पर व्यक्तिगत रूप से वार्ता करने की बात भी कही थी| मोर्चा हर स्तर पर पुल की कनेक्टिविटी मामले में प्रयासरत है |

नेगी ने कहा कि मोर्चा द्वारा पूर्व में भी दिनांक 28/10/ 24 को मुख्य सचिव श्रीमती राधा रतूड़ी से कार्यवाही का आग्रह किया था, जिस पर सचिव, लोक निर्माण ने हिमाचल प्रदेश सरकार के प्रमुख सचिव, लो.नि.वि. को दिनांक 4/ 12/ 24 को पत्र प्रेषित कर कार्रवाई का आग्रह किया था |

नेगी ने कहा कि लगभग 50 करोड़ रुपए की लागत से बना उक्त पुल विभागीय एवं अन्य जनप्रतिनिधियों की अपरिपक्वता/नासमझी/ कमीशन खोरी की वजह से शोपीस बनकर रह गया है, जिसकी वजह से सरकार का करोड़ों रुपया बेकार हो रहा है एवं उक्त पुल का वर्तमान में जनता को कोई लाभ नहीं मिल पा रहा है | हिमाचल प्रदेश से कनेक्टिविटी न होने के चलते सरकार का पैसा बर्बाद हो रहा है | सूत्रों से ज्ञात हुआ है कि उक्त  कनेक्टिविटी मामले में कोई कानूनी अड़चन फंसी है, जोकि हिमाचल प्रदेश के अधिकारियों द्वारा सुलझाए जाने की दिशा में कार्य कर रही है |

नेगी ने कहा कि अप्रैल 2015 में स्वीकृत पुल बगैर हिमाचल प्रदेश सरकार से पुख़्ता एमओयू साइन किये  लगभग एक- दो साल से बनकर तैयार हो गया है, लेकिन सिंहपुरा तक की कनेक्टिविटी भूमि अधिग्रहित/ अर्जन  किये बगैर ही कर दी गई | हैरानी की बात है कि पुल निर्माण से पहले हिमाचल प्रदेश सरकार से कोई लिखित दस्तावेज नहीं लिए गए !    मोर्चा जनता को लाभ दिलाने के लिए पुल की कनेक्टिविटी कराकर ही दम लेगा | मोर्चा टीम में- महासचिव आकाश पंवार, हाज़ी असद, प्रवीण शर्मा पिन्नी, प्रमोद शर्मा, विनय गुप्ता व दिनेश गुप्ता मौजूद थे |